Sahara india के चेयरमैन सुब्रत रॉय के निधन के बाद क्या डूब जाएगा निवेशकों का पैसा? अभी जान लीजिए…

Subhash Kumar
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Editor in Chief
Subhash Kumar is the Founder and Editor-in-Chief of Timely India, and a seasoned digital publisher specializing in the national education ecosystem and political journalism. He entered...
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Sahara Refund After Death of Roy : कल सहारा इंडिया परिवार के मुखिया सहाराश्री सुब्रत रॉय के निधन के बाद लाखों-करोड़ों निवेशकों के जुबान पर एक ही सवाल आ रहा है कि क्या अब सहारा में लगा हुआ पैसा डूब जाएगा फिर पैसा कैसे मिलेगा?

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दरअसल, लाखों करोड़ों निवेश को ने अपनी गाढ़ी कमाई का हिस्सा इस सहारा ग्रुप में निवेश किया था और लंबे समय से इसका इंतजार कर रहे थे कि, अब पैसा मिलेगा लेकिन सहारा के चीफ के निधन के बाद अब इस आस को लोग छोड़ चुके है कि उनका पैसा मिलेगा. तो आइए जानते हैं कि क्या सहारा ग्रुप में निवेश करने वाले निवशकों को उनका पैसा वापस मिलेगा?

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पोर्टल के जरिए वापस मिल सकता है पैसा 

बता दें कि, 2021 अगस्त में ही सुप्रीम कोर्ट ने 3 करोड़ निवेशकों को ब्याज के साथ उनका पैसा लौटाने का आदेश भी जारी कर दिया था. इसके बाद केंद्र सरकार ने निवेशकों के पैसे वापस करने के लिए अलग-अलग पोर्टल https://no refund.crcs.gov.in/ भी शुरू किया जहां से लोगों ने आवेदन भी किया है.

रिफंड के लिए ये 4 समूह हैं जिम्मेदार

  • स्टार्ट मल्टीपर्पज कोऑपरेटिव सोसाइटी लिमिटेड हैदराबाद है.
  • सहारा क्रेडिट कोऑपरेटिव सोसाइटी लिमिटेड लखनऊ है.
  • हुमारा इंडिया क्रेडिट कोऑपरेटिव सोसाइटी लिमिटेड कोलकाता है.
  • सहारायन यूनिवर्सल मल्टीपर्पज सोसाइटी लिमिटेड भोपाल है.

वहीं हाई कोर्ट के आदेश में अभी कहा गया कि इन चारों के माध्यम से शहर में निवेश करने वाले करोड़ों निवेशकों का पैसा वापस दिया जाएगा और निवेदक ऑनलाइन माध्यम से जाकर अपनी आवेदन पत्र क्रिया पूरी कर सकता है और किसी तरह की तकनीकी समस्या आने पर टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर * 1800 106 6891 और 1800 103 6893 पर संपर्क कर सकते है.

138.07 करोड़ रुपए किए वापस

शेयर बाजार की रेगुलेटर सेबी ने 11 साल में शहर की दो कंपनियों के निवेश को को 138.07 करोड रुपए रिफंड किया तो इससे स्पेशल तौर पर खोले गए बैंक खातों में जमा की गई रकम 2500 करोड रुपए से अधिक की है. वही निवेशकों का पैसा सेबी के पास और ऑनलाइन आवेदन करने वाले को ही मिलेगा यह पहले से तय किया गया है.

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कैसे ढह गए सुब्रत रॉय ?

दरअसल, सहारा ग्रुप के मुखिया सुब्रत रॉय के पतन की कहानी शुरू होती है. सहारा ग्रुप की कंपनी प्राइमरी सिटी के आईपीओ से जहां पर नियमों के खिलाफ पैसे निवेश करने का आरोप लगाया गया और उन्हें इस आप के चलते जेल भी जाना पड़ा इसके बाद 28 फरवरी 2014 को सुप्रीम कोर्ट ने सुब्रत रॉय के ऊपर रोजी आप और मामले की सुनवाई में 24,400 करोड रुपए निवेशकों को वापस करने का आदेश दे दिया.

2 से 2.5 करोड़ लोगों से जुटाएं गए 24,000 करोड़

बता दें कि, सहारा इंडिया रियल एस्टेट कॉरपोरेशन लिमिटेड और सहारा हाउसिंग इन्वेस्टमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड की ओर से इस केस को लेकर कहा गया कि, 30 सितंबर 2009 को शहर की कंपनी प्राइमरी सिटी नेम आईपीओ के माध्यम से सेबी के पास डीआरएफ दायर कर दिया था. वहीं 25 सितंबर 2009 को और जनवरी 2010 में इसकी शिकायत से भी क्यों मिली कि दोनों कंपनियों से पैसा जुटाना जा रहा है और करीब 2 से लेकर 2.5 करोड़ लोगों से 24,000 करोड रुपए इकट्ठा कर लिए गए हैं.

तिहाड़ जेल में बितानी पड़ी 2 साल की रात

इस मामले को लेकर शहर की ओर से दावा किया गया कि उसने अब तक 90% से अधिक लोगों का पेमेंट कर दिया है इसके बाद उसका अकाउंट ही फ्रीज कर दिया गया है और वही अप्रैल 2013 में कब ने आईपीओ की फाइल भी बंद कर दिया है जिसके बाद 28 फरवरी 2014 को सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया और उन्हें लखनऊ पुलिस ने हिरासत में लेते हुए 2 साल के लिए तिहाड़ जेल भेज दिया जिसके बाद 2016 में उन्हें जमानत मिली. लेकिन कल का दिन सहारा ग्रुप के मुखिया के लिए अंतिम दिन रहा.

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Subhash Kumar is the Founder and Editor-in-Chief of Timely India, and a seasoned digital publisher specializing in the national education ecosystem and political journalism. He entered the digital media space in 2021 by launching Ssresult.com, a platform dedicated to academic and competitive exam updates. An expert in exam operations, Subhash currently spearheads comprehensive news coverage on premier national exams like NEET, JEE, and SSC at Timely India, while also driving educational insights at Results.wiki. Beyond education, he tracks and analyzes Indian politics and national affairs, sharing his broader socio-political commentaries on his personal portal, SubhashYadav.org.Areas of Expertise: National Competitive Exams (NEET/JEE/SSC), Indian Politics, and Academic Result AnalyticsConnect with him: Subhash@timelyindia.com | LinkedIn Profile